MEd कोर्स कैसे करें?

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MEd kya hai

मास्टर ऑफ़ एजुकेशन जिसे MEd के नाम से भी जाना जाता है, एक मास्टर डिग्री प्रोग्राम है। इस कोर्स को कला, वाणिज्य और विज्ञान तीनों स्ट्रीम के छात्र कर सकते हैं। भारत में MEd एक प्रोफेशनल डिग्री है, जो शिक्षा और टीचिंग में करियर बनाने के लिए आवश्यक है, क्योंकि भारत में स्कूल टीचर के लिए BEd अनिवार्य/बुनियादी योग्यता है। जबकि विदेशों में यह शिक्षा में मास्टर डिग्री है। आइए इस ब्लॉग के माध्यम से डिटेल में जानतें है, कि MEd kya hai, कहाँ से और कैसे करें।

कोर्स   Master of Education (M.Ed.)
कोर्स की अवधि  2 साल  
योग्यता  ग्रेजुएशन B Ed/BS Ed./MS Ed
भारत में कोर्स की फीस ₹10,000-5 लाख 
विदेश में कोर्स की फीस  USD 200-10,000 (₹15,000- 7.50 लाख)
औसत सालाना सैलरी (भारत) ₹3-7 लाख 
एंट्रेंस एग्जाम  -PET (Post Graduate Entrance Test)
-DUET
-JMI EEE 
जॉब प्रोफाइल  -एजुकेशनल रिसर्चर
काउंसलर
स्कूल टीचर
-एजुकेशन कंसलटेंट
रिसर्च असिस्टेंट

MEd कोर्स क्या है?

अगर आप MEd कोर्स की पढ़ाई करना चाहते है, तो सबसे पहले यह जान लेना चाहिए कि MEd kya hai, मास्टर ऑफ़ एजुकेशन देश और विदेश की कई यूनिवर्सिटी द्वारा कराई जाने वाली 2 साल की मास्टर डिग्री है। इस कोर्स में काउंसलर एजुकेशन, स्कूल काउन्सलिंग, न्यूरोसाइंस इंटरडिसिप्लिनरी, अकादमिक एनरिचमेंट, हायर एजुकेशन के साथ स्टूडेंट अफेयर्स, एडल्ट एजुकेशन, रिलीजियस एजुकेशन, स्पेशल एजुकेशन आदि क्षेत्र को शामिल किया गया है। इसके जरिए छात्रों को टीचिंग की बारीकियां, छात्र-शिक्षक संबंध के बारे में पढ़ाया जाता है। 

MEd कोर्स क्यों करें?

MEd kya hai जानने के साथ-साथ MEd कोर्स क्यों करें यह जानना भी ज़रूरी है, जिसके कारण नीचे दिए गए हैं-

  • नौकरी के बाजार में बढ़ा हुआ मूल्य: हाई स्कूल स्तर पर शिक्षण के लिए आमतौर पर एक मास्टर की बुनियादी आवश्यकता होती है, इसलिए शिक्षण नौकरी के बाजार में बहुत अधिक भार होता है। MEd कोर्स होने से उम्मीदवारों को मिडिल स्कूल स्तर के शिक्षण से आगे बढ़ने की अनुमति मिलती है और उन्हें 11 और 12 जैसी वरिष्ठ कक्षाओं को पढ़ाने की अनुमति मिलती है।
  • अपने शिक्षण कौशल का निर्माण करें: MEd डिग्री मुख्य रूप से शिक्षाशास्त्र, शिक्षण विधियों, शिक्षा के दर्शन और शैक्षिक प्रौद्योगिकी पर जोर देने के साथ शिक्षक बनने के तरीकों पर केंद्रित है जो निश्चित रूप से किसी को अपने शिक्षण कौशल को बेहतर बनाने में मदद करता है।
  • करियर की गतिशीलता: एडवांस डिग्री वाले शिक्षकों को स्कूल प्रशासनिक पदों पर काम करने के लिए विभिन्न नौकरी के अवसर मिलते हैं और विशिष्ट बैचलर्स प्रशिक्षण के आधार पर अन्य शिक्षकों के लिए सलाहकार बन सकते हैं।
  • कमाई की क्षमता में वृद्धि: डिग्री के बढ़े हुए स्तर के साथ वेतनमान भी बढ़ता है, इसलिए MEd डिग्री हासिल करने से शिक्षण क्षेत्र में उच्च वेतन वाली नौकरी प्राप्त करना आसान हो जाता है। भारत में MEd शिक्षक प्रति वर्ष सैलरी INR 5.10 है जो विदेश में कई देशों के मुकाबले अधिक है।

MEd कोर्स में स्पेशलाइज़ेशन

अलग-अलग यूनिवर्सिटीज में M Ed in Hindi कोर्स के स्पेशलाइज़ेशन अलग-अलग हो सकते हैं। हमने कुछ स्पेशलाइजेशन नीचे बताएं हैं, जो अधिकतर कॉलेजों में उपलब्ध होते हैं-

  • शैक्षिक प्रौद्योगिकी
  • शैक्षिक प्रबंधन
  • महिला अध्ययन
  • भाषा शिक्षा
  • शिक्षक की शिक्षा
  • मार्गदर्शन और परामर्श
  • खास शिक्षा
  • पर्यावरण शिक्षा
  • योग शिक्षा
  • ग्रामीण शिक्षा

MEd कोर्स का सिलेबस 

M Ed in Hindi का सिलेबस नीचे दिया गया है-

एम.एड. सिलेबस (सेमेस्टर I) 

  • Philosophical Foundations of Education-I
  • Psychological Foundations of Education-I 
  • Sociological Foundations of Education-I 
  • The methodology of Educational Research & Educational Statistics-I 
  • Information and Communication Technology in Education-(Course V is Practical base)
  • Research Communication & Expository writing skills

एम.एड. सिलेबस (सेमेस्टर II) 

  • Philosophical Foundations of Education-II
  • Psychological Foundations of Education-II
  • Sociological Foundations of Education-II 
  • Methodology of Educational Research & Educational Statistics –II 
  • Educational Data Analysis through Statistical packages (Course X is Practical base) 
  • Proposal preparation and presentation (Dissertation based practicum)

एम.एड. सिलेबस (सेमेस्टर III) 

  • Comparative Education-I
  • Curriculum Studies-I 
  • Special Papers
  • Dissertation/Special Paper
  • Specialization based Internship

एम.एड. सिलेबस (सेमेस्टर IV) 

  • Comparative Education-II
  • Curriculum Studies-II
  • Special Papers
  • Dissertation/Special Paper
  • Internship (in Teacher Education Institution)

MEd के लिए दुनिया की टॉप यूनिवर्सिटीज़   

M Ed course in Hindi की पढ़ाई कराने वाली दुनिया की टॉप यूनिवर्सिटीज़ की लिस्ट नीचे दी गई है:

आप UniConnect के जरिए विश्व के पहले और सबसे बड़े ऑनलाइन विश्वविद्यालय मेले का हिस्सा बनने का मौका पा सकते हैं, जहाँ आप अपनी पसंद के विश्वविद्यालय के प्रतिनिधि से सीधा संपर्क कर सकेंगे।

MEd के लिए टॉप भारतीय कॉलेज

M Ed course in Hindi की पढ़ाई के लिए टॉप भारतीय कॉलेज की लिस्ट नीचे दी गई है:

  • दिल्ली विश्वविद्यालय, नई दिल्ली
  • गुरु गोबिंद सिंह इंद्रप्रस्थ विश्वविद्यालय
  • बैंगलोर विश्वविद्यालय
  • बनारस हिंदू विश्वविद्यालय
  • अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय, अलीगढ़
  • चौधरी चरण सिंह विश्वविद्यालय, मेरठ
  • जय नारायण व्यास विश्वविद्यालय, जोधपुर
  • राजस्थान विश्वविद्यालय कोटा
  • एमिटी यूनिवर्सिटी, नोएडा
  • सावित्रीबाई फुले पुणे विश्वविद्यालय, पुणे
  • कोल्हान विश्वविद्यालय, जमशेदपुर
  • मुंबई विश्वविद्यालय, मुंबई

MEd के लिए योग्यता 

M Ed in Hindi में एडमिशन लेने के लिए हर यूनिवर्सिटी का अपना मापदंड होता है, लेकिन कुछ सामान्य योग्यता नीचे दी गई है, जिसे देश और विदेश की हर यूनिवर्सिटी द्वारा फॉलो किया जाता हैं:

  • MEd करने के लिए आपको किसी भी स्ट्रीम में ग्रेजुएशन करना होगा। उसके बाद आपको BEd (बैचलर ऑफ़ एजुकेशन) करना होगा।
  • बैचलर ऑफ़ आर्ट्स इन एजुकेशन (B.A.Ed.), बैचलर ऑफ़ साइंस इन एजुकेशन (B.S.Ed.), मास्टर ऑफ़ साइंस इन एजुकेशन (M.S.Ed.) का कोर्स करने वाले उम्मीदवार भी MEd के लिए आवेदन कर सकते हैं।
  • बहुत सारे कॉलेज, मास्टर ऑफ एजुकेशन कोर्स में एडमिशन के लिए प्रवेश परीक्षा लेते हैं। 
  • विदेश में MEd कोर्स में एडमिशन लेने के लिए GMAT/GRE परीक्षा पास करनी होती है।
  • विदेश में MEd कोर्स में एडमिशन लेने के लिए इंग्लिश लैंग्वेज टेस्ट जैसे IELTS/ TOEFL अंक अंग्रेज़ी भाषा में होना आवश्यक है। 

क्या आप IELTS/TOEFL/SAT/GRE में अच्छे अंक प्राप्त करना चाहते हैं? आज ही इन एग्जाम की बेहतरीन तैयारी के लिए Leverage Live पर रजिस्टर करें और अच्छे स्कोर प्राप्त करें।

आवेदन प्रक्रिया 

भारत और विदेश में M Ed course in Hindi में एडमिशन लेने के लिए फॉलो की जाने वाली आवेदन प्रक्रिया देश के अनुसार नीचे दी गई है:

भारत के लिए आवेदन प्रक्रिया

  • यूनिवर्सिटी की ऑफिसियल वेबसाइट पर रजिस्ट्रेशन करें। यहाँ से आपको यूजर आईडी और पासवर्ड प्राप्त होंगे। 
  • यूजर आईडी से साइन इन करें और कोर्स चुनें जिसे आप चुनना चाहते हैं। 
  • अगली स्टेप में अपनी शैक्षणिक जानकारी भरें।  
  • शैक्षणिक योग्यता के साथ IELTS, TOEFL, प्रवेश परीक्षा स्कोर, SOP, LOR की जानकारी भरें। 
  • पिछले सालों की नौकरी की जानकरी भरें। 
  • रजिस्ट्रेशन फीस का भुगतान करें।
  • अंत में आवेदन पत्र जमा करें।
  • कुछ यूनिवर्सिटीज, सिलेक्शन के बाद वर्चुअल इंटरव्यू के लिए आमंत्रित करती हैं।

विदेश में आवेदन प्रक्रिया

  • आपकी आवेदन प्रक्रिया का फर्स्ट स्टेप सही कोर्स चुनना है, जिसके लिए आप AI Course Finder की सहायता लेकर अपने पसंदीदा कोर्सेज को शॉर्टलिस्ट कर सकते हैं। 
  • एक्सपर्ट्स से कॉन्टैक्ट के पश्चात वे कॉमन डैशबोर्ड प्लेटफॉर्म के माध्यम से कई विश्वविद्यालयों की आपकी आवेदन प्रक्रिया शुरू करेंगे। 
  • अगला कदम अपने सभी दस्तावेजों जैसे SOP, निबंध (essay), सर्टिफिकेट्स और LOR और आवश्यक टेस्ट स्कोर जैसे IELTSTOEFLSATACT आदि को इकट्ठा करना और सुव्यवस्थित करना है। 
  • यदि आपने अभी तक अपनी IELTSTOEFLPTEGMATGRE आदि परीक्षा के लिए तैयारी नहीं की है, जो निश्चित रूप से विदेश में अध्ययन करने का एक महत्वपूर्ण कारक है, तो आप Leverage Live कक्षाओं में शामिल हो सकते हैं। ये कक्षाएं आपको अपने टेस्ट में उच्च स्कोर प्राप्त करने का एक महत्त्वपूर्ण कारक साबित हो सकती हैं।
  • आपका एप्लीकेशन और सभी आवश्यक दस्तावेज जमा करने के बाद, एक्सपर्ट्स आवास, छात्र वीजा और छात्रवृत्ति / छात्र लोन के लिए आवेदन प्रक्रिया शुरू करेंगे । 
  • अब आपके प्रस्ताव पत्र की प्रतीक्षा करने का समय है जिसमें लगभग 4-6 सप्ताह या उससे अधिक समय लग सकता है। ऑफर लेटर आने के बाद उसे स्वीकार करके आवश्यक सेमेस्टर शुल्क का भुगतान करना आपकी आवेदन प्रक्रिया का अंतिम चरण है। 

यदि आप विदेश में पढ़ना चाहते हैं, तो एप्लीकेशन प्रोसेस की जानकारी के लिए आप  Leverage Edu एक्सपर्ट्स को 1800 572 000 पर कॉल कर सकते है। 

विदेश में MEd के लिए आवश्यक दस्तावेज़   

विदेश में M Ed course in Hindi में एडमिशन लेने के लिए नीचे दिए गए दस्तावेज होने आवश्यक हैं:

छात्र वीजा पाने के लिए भी Leverage Edu विशेषज्ञ आपकी हर सम्भव मदद करेंगे।

MEd के लिए प्रवेश परीक्षा और डेडलाइन 

M Ed in Hindi कोर्स में एडमिशन लेने के लिए हर यूनिवर्सिटी द्वारा प्रवेश परीक्षा ली जाती है, जिसे उम्मीदवार को उत्तीर्ण करना होता है। नीचे कुछ कॉलेजों की प्रवेश परीक्षा और उनकी डेडलाइन दी गई हैं:

यूनिवर्सिटी प्रवेश परीक्षा डेडलाइन
बनारस हिंदू विश्वविद्यालय PET (पोस्ट ग्रेजुएशन एंट्रेंस टेस्ट) मई 2022
दिल्ली विश्वविद्यालय DUET जून  2022
सेंट जेवियर कॉलेज, कोलकाता University Held Exam अक्टूबर 14, 2022
जामिया मिलिया इस्लामिया विश्वविद्यालय JMIEEE
एआई अमीन कॉलेज ऑफ एजुकेशन बैंगलोर Merit Based
जयपुर राष्ट्रीय विश्वविद्यालय, जयपुर University Held Exam
लेडी इरविन कॉलेज, नई दिल्ली  Merit based

विदेश में MEd की पढ़ाई का खर्च 

MEd kya hai जानने के बाद यह जानना ज़रूरी है कि विदेश में MEd की पढ़ाई करने का खर्च लगभग 200-10,000 USD (₹15,000-7.50 लाख) तक होता है, जो यूनिवर्सिटीज और देश के अनुसार अलग-अलग हो सकता है। देश के अनुसार MEd की पढ़ाई करने का खर्च नीचे दिया गया है: 

देश  औसत खर्च 
अमेरीका USD 25,000-55,000 (₹18.75-41.25 लाख)
ऑस्ट्रेलिया AUD 15,000-33,000 (₹8.10-17.82 लाख)
कनाडा CAD 22,000-44,000 (₹13.20-26.40 लाख)
यूके GBP 21,000-35,000 (₹21-35 लाख)
जर्मनी Euro 4,000-17,000 (₹3.36-14.28 लाख)

करियर और सैलरी 

M Ed course in Hindi की पढ़ाई करने के बाद छात्र सरकारी, सार्वजनिक, प्राइवेट स्कूल, एजुकेशन कंसल्टैंसीज़, घर और निजी ट्यूशन, पब्लिशिंग फर्म  में इंस्ट्रक्टर, टीचर, काउंसलर, रिसर्चर के रूप में काम कर सकते हैं। नीचे कुछ लोकप्रिय जॉब प्रोफाइल और उनकी सालाना सैलरी payscale.com के अनुसार नीचे दी गई हैं:

जॉब प्रोफाइल  औसत वेतन (INR)
टीचर ₹3.9-5 लाख
इंस्ट्रक्टर ₹5-6.50 लाख
कॉउंसलर ₹4-5 लाख
कंटेंट राइटर ₹3-4 लाख
एजुकेशनल रिसर्चर ₹7-8 लाख
एजुकेशन थेरेपिस्ट ₹4-5 लाख
कंसलटेंट ₹13-15 लाख
प्रिंसिपल ₹9.5-10 लाख

FAQs

M ED करने के लिए क्या योग्यता चाहिए?

M ED के लिए निम्नलिखित योगयताएं होनी चाहिए :-
-आपकी ग्रेजुएशन (मास्टर ऑफ़ आर्ट्स) पूरी होनी चाहिए
-इसके बाद मास्टर डिग्री पूरी (पोस्ट ग्रेजुएशन) होनी चाहिए
-आपके पास काम से काम 50% से 60% मार्क्स होनी चाहिए एंट्रेंस एग्जाम के लिए ये परसेंटेज कुछ कॉलेज में अलग अलाग होती है

M ED करने से क्या होता है?

M ED करने के बाद आपका कैरियर बहुत ही अच्छा रहने वाला है। अगर आप आगे पढ़ाई करना चाहते है तो आगे के लिए पढ़ाई कर सकते है और अगर आगे नौकरी करना चाहते है तो नौकरी भी कर सकते है। आप उच्च शिक्षा(एम. एड) प्राप्त किये हुए हैं, तो आप कहीं भी जाब प्राप्त कर सकते हैं।

B ED के बाद M ED कितने साल का होता है?

M. Ed कोर्स या “मास्टर ऑफ़ एजुकेशन” एक 2-वर्षीय स्नातकोत्तर (पोस्ट-ग्रेजुएशन) कोर्स है, जो B. Ed के बाद किया जा सकता है। यह कोर्स मुख्यतः शिक्षकों को उनके शिक्षण कौशल को अधिक बेहतर बनाने के लिए विभिन्न तरीकों और तकनीकों को सिखाता है।

M ED कब कर सकते हैं?

एमएड करने के लिए आपको सबसे पहले 12th पास करना है. उसके बाद आपको ग्रेजुएशन करने के लिए किसी मान्यता प्राप्त कॉलेज में अड्मिशन लेना है। ग्रेजुएशन आप इन कोर्सो से B.A B.com B. tech B.BA B.sc पूरा करके बीएड में अड्मिशन ले सकते हो।

M ED कैसे की जाती है?

मास्टर ऑफ़ एजुकेशन जिसे MEd के नाम से भी जाना जाता है, एक मास्टर डिग्री प्रोग्राम है। इस कोर्स को कला, वाणिज्य और विज्ञान तीनों स्ट्रीम के छात्र कर सकते हैं। भारत में MEd एक प्रोफेशनल डिग्री है, जो शिक्षा और टीचिंग में करियर बनाने के लिए आवश्यक है, क्योंकि भारत में स्कूल टीचर के लिए BEd अनिवार्य/बुनियादी पात्रता है।

हमें उम्मीद है कि इस ब्लॉग ने आपको MEd kya hai, के बारे में सभी जानकारी प्रदान की है। यदि आप भी विदेश में MEd की पढ़ाई करने का सोच रहें हैं, तो आज ही हमारे Leverage Edu विशेषज्ञों के साथ 30 मिनट का फ्री सेशन 1800 57 2000 पर कॉल कर बुक करें।

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