विश्व शौचालय दिवस 2023 : 419 मिलियन लोग अभी भी करते हैं ‘खुले में शौच’ 

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विश्व शौचालय दिवस

शौचालय आपके घर की सफाई में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं और आपको स्वस्थ रखने में मदद करते हैं। विश्व शौचालय दिवस हर वर्ष 19 नवंबर को मनाया जाता है। यह दुनिया का ध्यान सुरक्षित शौचालयों के महत्व और उनके स्वास्थ्य और स्वच्छता में सुधार की और ध्यान आकर्षित करने के लिए मनाया जाता है। इस दिवस की स्थापना 2013 में संयुक्त राष्ट्र द्वारा की गई थी। विश्व शौचालय दिवस का उद्देश्य, महत्व, इतिहास और साल 2023 की थीम जानने के लिए इस ब्लॉग को अंत तक पढ़ें। 

विश्व शौचालय दिवस क्या है?

इस दिवस हर साल 19 नवंबर को मनाया जाता है। इस दिन का उद्देश्य दुनिया के लोगों को सुरक्षित शौचालयों के महत्व पर ध्यान दिलाना है। यह दिवस टॉयलेट स्वस्थता और स्वच्छता में सुधार को प्रोमोट करता है। इस दिन लोगों को अस्वस्थ्य और असुरक्षित शौच से होने वाले नुकसान की जानकारी दी जाती है। भारत में अभी भी एक बढ़ा हिस्सा खुले में शौच करता है। इस दिन को मनाकर लोगों को साफ-सुथरे शौचालयों का उपयोग करने के महत्व को समझाने का प्रयास किया जाता है।

विश्व शौचालय दिवस

विश्व शौचालय दिवस 2023 थीम 

2023 की थीम त्वरित परिवर्तन (Accelerating Change) है। यह व्यक्तियों को हमिंगबर्ड की तरह बनने के लिए प्रोत्साहित करता है। इस बात पर जोर देता है कि सामूहिक छोटी गतिविधियाँ महत्वपूर्ण प्रभाव डालती हैं। प्रकृति और सार्वजनिक स्वास्थ्य दोनों की रक्षा के लिए शौचालयों और स्वच्छता प्रणालियों को बेहतर बनाने में हर किसी की भूमिका है। एसडीजी 6 को हासिल करने में केवल सात साल बचे हैं, कार्रवाई का आह्वान पहले से कहीं अधिक जरूरी है।

दुनिया में शौचालयों से ज्यादा लोगों के पास मोबाइल फोन की पहुंच है। 

पिछले वर्ष साल 2022 में विश्व शौचालय दिवस की थीम थी – “आइए अदृश्य को दृश्य बनाएं”। पिछले कुछ वर्षों की थीम नीचे बताई जा रही हैं –

2022  आइए अदृश्य को दृश्य बनाएं (Let’s make the invisible visible)
2021  शौचालयों का महत्व (Valuing Toilets)
2020  सतत स्वच्छता और जलवायु परिवर्तन (Sustainable sanitation and climate change)
2019  लीविंग नो वन बिहाइंड (Leaving No One Behind)
2018  प्रकृति आधारित समाधान (Nature-based solutions)

विश्व शौचालय दिवस का उद्देश्य 

विश्व शौचालय दिवस के उद्देश्य कुछ इस प्रकार हैं –

  • इस दिवस का मुख्य उद्देश्य दुनिया भर में सुरक्षित और स्वच्छ शौचालयों के महत्व को जागरूक करना है। 
  • विभिन्न कार्यक्रमों द्वारा इसका उद्देश्य लोगों को स्वस्थ और सुरक्षित सेनिटेशन सुविधाओं के महत्व के प्रति जागरूक करना है। 
  • इसके माध्यम से लोगों को साफ-सुथरे शौचालयों का उपयोग करने के लाभ और इससे होने वाले स्वास्थ्य सुधार को समझाने का प्रयास किया जाता है। 
  • इस दिवस का आयोजन यह भी दिखाता है कि सुरक्षित सेनिटेशन की सुविधा का हक सभी को होना चाहिए और इसे सबके लिए सुलभ बनाए रखना आवश्यक है।
  • यह खुले में शौच करने के हानिकारक प्रभावों को उजागर करता है। 

विश्व शौचालय दिवस का महत्व

विश्व शौचालय दिवस का महत्व:

स्वस्थता में सुधार: यह दिवस साफ़ और स्वस्थ शौचालयों के महत्व को साझा करके स्वस्थता में सुधार करने की जागरूकता बढ़ाता है।

स्वच्छता और सेनिटेशन को बढ़ावा: इस दिन के माध्यम से लोगों को स्वच्छता और सेनिटेशन के महत्व को समझाने का प्रयास किया जाता है।

सेनिटेशन स्थिति का समीक्षण: यह विभिन्न क्षेत्रों में सेनिटेशन स्थिति का मूल्यांकन करने का एक मौका प्रदान करता है।

सामाजिक संज्ञान: इस दिन के माध्यम से लोगों को शौचालय से जुड़े सामाजिक, आर्थिक और स्वास्थ्य आर्थिक पहलुओं के प्रति जागरूक करने का मौका मिलता है।

समृद्धि में सहारा: सुरक्षित शौचालय और सेनिटेशन के साधना से समृद्धि में सुधार होता है, जिससे SDG लक्ष्यों को प्राप्त करने में सहायता मिलती है। 

विश्व शौचालय दिवस का इतिहास 

विश्व शौचालय दिवस की स्थापना 19 नवंबर, 2001 को हुई थी। ऐसा जेक सिम के प्रयासों द्वारा संभव हुआ। दुनियाभर में इसकी सराहना हुई और इसके फलस्वरूप संयुक्त राष्ट्र महासभा ने 2013 में विश्व शौचालय दिवस को एक आधिकारिक संयुक्त राष्ट्र दिवस घोषित किया था।

विश्व शौचालय दिवस

विश्व शौचालय दिवस कैसे मनाया जाता है?

इस दिन का आयोजन विभिन्न गतिविधियों, सभाओं और शिक्षा कार्यक्रमों के माध्यम से होता है। पिछले साल पेयजल और स्वच्छता विभाग द्वारा “स्वच्छता रन” का आयोजन किया गया था। यह दिवस तरह- तरह के कार्यक्रमों द्वारा मनाया जाता है जैसे –

शिक्षा और संवाद: स्थानीय स्कूलों, कॉलेजों, और सार्वजनिक स्थानों पर शिक्षा और संवाद कार्यक्रमों का आयोजन किया जाता है ताकि लोगों को साफ-सुथरे शौचालयों के महत्व के बारे में जानकारी मिल सके।

कैंपेन्स और पोस्टर वितरण: विभिन्न स्थानों पर सांविदानिक और आकर्षक पोस्टरों का प्रदर्शन किया जाता है और लोगों को सेनिटेशन के महत्व पर सोचने पर प्रेरित किया जाता है।

नौकरीयों और प्रोजेक्ट्स का आयोजन: स्थानीय स्तर पर लोगों को सेनिटेशन से जुड़े प्रोजेक्ट्स और नौकरियों के बारे में जानकारी मिलती है, जिससे उन्हें इस क्षेत्र में सकारात्मक योगदान देने का मौका मिलता है।

रैली : स्थानीय स्तर पर रैलियां, पथ-प्रदर्शन और शौचालय निर्माण के प्रोजेक्ट्स का आयोजन किया जाता है ताकि लोग इस मुद्दे पर ध्यान केंद्रित करें।

मीडिया कैंपेन्स: रेडियो, टेलीविजन, और सोशल मीडिया पर विशेष कैंपेन्स चलाए जाते हैं जिनका उद्देश्य लोगों को सेनिटेशन से जुड़े मुद्दों के बारे में जागरूक करना है।

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FAQs 

विश्व शौचालय दिवस क्या है?

यह एक अंतरराष्ट्रीय दिवस है जो प्रत्येक वर्ष 19 नवंबर को मनाया जाता है। इसका उद्देश्य स्वच्छता और जल के महत्व के बारे में जागरूकता बढ़ाना और वैश्विक स्वच्छता संकट को हल करने के लिए कार्रवाई करना है।

विश्व शौचालय दिवस की थीम क्या है?

इस साल 2023 की थीम “त्वरित परिवर्तन” है। यह थीम लोगों को व्यक्तिगत कार्रवाई करने और शौचालय और स्वच्छता प्रणालियों में सुधार करने के लिए प्रेरित करने के लिए है।

विश्व शौचालय दिवस क्यों मनाया जाता है?

यह मनाया जाता है क्योंकि दुनिया भर में अभी भी कई लोगों के पास सुरक्षित शौचालय तक पहुंच नहीं है। अनुमानित 3.5 बिलियन लोग खुले में शौच करते हैं, जो उन्हें और उनके समुदायों को गंभीर स्वास्थ्य जोखिमों के अधीन करता है।

विश्व शौचालय दिवस की उपलब्धियां क्या हैं?

पिछले कुछ वर्षों में, इस दिवस ने सुरक्षित शौचालय तक पहुंच के लिए महत्वपूर्ण प्रगति करने में मदद की है। उदाहरण के लिए, 2012 से, दुनिया भर में खुले में शौच करने वाले लोगों की संख्या में 1.1 बिलियन की कमी आई है। 

आशा है कि इस ब्लाॅग में आपको विश्व शौचालय दिवस 2023 के बारे में पूरी जानकारी मिल गई होगी। इसी तरह के अन्य ट्रेंडिंग आर्टिकल्स पढ़ने के लिए Leverage Edu के साथ बने रहें।

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