ऑप्टोमेट्री कोर्स एक एलाइड हेल्थ प्रोफेशन है, जिसे भारत में नेशनल कमीशन फॉर अलाइड एंड हेल्थकेयर प्रोफेशंस के तहत औपचारिक मान्यता मिली है। इस कोर्स में आँखों की दृष्टि जांच, रिफ्रैक्शन, कॉन्टैक्ट लेंस फिटिंग, लो-विजन केयर और प्राथमिक नेत्र देखभाल की वैज्ञानिक ट्रेनिंग दी जाती है। डिजिटल स्क्रीन के बढ़ते उपयोग, मायोपिया जैसी समस्याओं में वृद्धि और संगठित आई-केयर चेन के विस्तार के कारण प्रशिक्षित ऑप्टोमेट्रिस्ट की मांग लगातार बढ़ रही है। इस ब्लॉग में हम ऑप्टोमेट्री कोर्स की योग्यता, अवधि, सिलेबस, फीस, करियर विकल्प, औसत सैलरी और भविष्य की संभावनाओं के बारे में बताया गया है।
| मापदंड | कोर्स का विवरण |
| कोर्स का पूरा नाम | ऑप्टोमेट्री कोर्स |
| कोर्स लेवल | सर्टिफिकेट कोर्स इन ऑप्टोमेट्री डिप्लोमा इन ऑप्टोमेट्री कोर्स अंडरग्रेजुएट ऑप्टोमेट्री कोर्स (UG) पोस्टग्रेजुएट ऑप्टोमेट्री कोर्स (PG) |
| कोर्स ड्यूरेशन | सर्टिफिकेट कोर्स इन ऑप्टोमेट्री – 2-6 महीने डिप्लोमा इन ऑप्टोमेट्री कोर्स – 1-3 वर्ष अंडर ग्रेजुएट कोर्स (UG) – कुल 4 वर्ष (3 साल अकादमिक और 1 साल इंटर्नशिप/क्लिनिकल ट्रेनिंग) पोस्ट ग्रेजुएट कोर्स (PG) – 2 वर्ष पीएचडी (PhD) इन ऑप्टोमेट्री – 3 से 5 वर्ष (रिसर्च एंड यूनिवर्सिटी पर निर्भर करता है।) |
| एडमिशन प्रोसेस | मेरिट बेस्ड – एंट्रेंस बेस्ड (जैसे – UG: CUET, PG: CUET PG) |
| योग्यता | डिप्लोमा इन ऑप्टोमेट्री कोर्स – 10वीं या 12वीं अंडर ग्रेजुएट कोर्स (UG) – 12वीं में साइंस स्ट्रीम (फिजिक्स, केमेस्ट्री और बायोलॉजी या मैथ्स) पोस्ट ग्रेजुएट कोर्स (PG) – बैचलर ऑफ ऑप्टोमेट्री |
| करिकुलम स्ट्रक्चर | सेमेस्टर वाइज थ्योरी, प्रोजेक्ट्स व लैब वर्क, क्लिनिकल इंटर्नशिप और हॉस्पिटल प्रैक्टिस |
| प्रमुख भारतीय कॉलेज | अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (AIIMS), जवाहरलाल नेहरू इंस्टीट्यूट (JIPMER), पोस्ट ग्रेजुएट इंस्टीट्यूट (PGIMER) और भारती विद्यापीठ |
| प्रमुख जॉब प्रोफाइल | ऑप्टोमेट्रिस्ट, विज़न कंसलटेंट, क्लीनिकल ऑप्टोमेट्री प्रोफेशनल, लो विज़न स्पेशलिस्ट, ऑप्टिकल डिस्पेंसर, रिसर्च असिस्टेंट |
| करियर स्कोप | आंखों के अस्पताल/क्लिनिक, ऑप्टिकल शोरूम, हेल्थकेयर कंपनियां, रिसर्च संस्थान |
This Blog Includes:
- ऑप्टोमेट्री कोर्स क्यों करें?
- ऑप्टोमेट्री कोर्स के लिए आवश्यक योग्यता
- ऑप्टोमेट्री कोर्स के लिए प्रमुख प्रवेश परीक्षाएं
- ऑप्टोमेट्री कोर्स के प्रकार और अवधि
- ऑप्टोमेट्री कोर्स के लिए सिलेबस
- ऑप्टोमेट्री कोर्स के लिए प्रमुख कॉलेज
- ऑप्टोमेट्री कोर्स के लिए आवेदन प्रक्रिया
- ऑप्टोमेट्री कोर्स करने के बाद करियर स्कोप
- FAQs
ऑप्टोमेट्री कोर्स क्यों करें?
नीचे दिए गए बिंदुओं में एम फार्मेसी कोर्स करने के प्रमुख कारण बताए गए हैं:
- ऑप्टोमेट्रिस्ट सर्जरी नहीं करते हैं, बल्कि वे दृष्टि परीक्षण और विज़न सुधार पर कार्य करते हैं। इस कोर्स को करने के बाद आपमें स्वतंत्र रूप से विज़न टेस्ट करने की स्किल डेवलप होती है।
- इस कोर्स को करने के बाद आप चश्मा और कॉन्टैक्ट लेंस प्रिस्क्रिप्शन लिखने के साथ-साथ, आई-डिजीज़ की प्रारंभिक पहचान और रेफरल सिस्टम को समझने के योग्य बन पाते हैं।
- इस कोर्स को करने से अस्पताल या फिर ऑप्टिकल स्टोर्स में करियर के कई अवसर खुलते हैं। इसके अलावा इस कोर्स से प्रैक्टिस शुरू आपको ऑप्टिकल क्लिनिक खोलने का मौका मिलता है।
- इस कोर्स के माध्यम से आपको हेल्थकेयर टीम में अपनी क्लिनिकल भूमिका को समझते हुए समाज में स्वास्थ्य सेवाओं में योगदान देने का मौका मिलता है।
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ऑप्टोमेट्री कोर्स के लिए आवश्यक योग्यता
ऑप्टोमेट्री कोर्स में दाखिला लेने के लिए छात्रों को कुछ जरुरी शर्तें पूरी करनी होती हैं। ये शर्तें यह सुनिश्चित करती हैं कि उम्मीदवार इस क्षेत्र में पढ़ाई और ट्रेनिग के लिए तैयार हैं।
| कोर्स प्रकार | आवश्यक योग्यता | अन्य शर्तें |
| बीएससी ऑप्टोमेट्री | 12वीं पास होना चाहिए प्राथमिक रूप से साइंस (फिजिक्स, केमिस्ट्री, बायोलॉजी) | अधिकांश कॉलेज 50% के आसपास अंक मांगते हैं। हालाँकि कुछ CUET/AIPMCET जैसे एंट्रेंस से भी एडमिशन होता है। |
| बैचलर ऑफ ऑप्टोमेट्री (बी.ऑप्टोम.) | 12वीं (PCB/PCM) | 50% अंक या कॉलेज द्वारा निर्धारित मेरिट/एंट्रेंस परीक्षा। NEET अनिवार्य नहीं है। कई संस्थान CUET या अपने एंट्रेंस टेस्ट लेते हैं। |
| डिप्लोमा इन ऑप्टोमेट्री (D.Opt.) | 12वीं पास होना चाहिए विज्ञान स्ट्रीम में (PCB/PCM) | कुछ कॉलेज में प्रवेश के लिए आपके अंक 45-50% होने चाहिए। साथ ही योग्य छात्रों की न्यूनतम आयु 17 वर्ष होनी चाहिए। हालाँकि इसके लिए आपको आवेदन करने से पहले संस्थान की ऑफिसियल वेबसाइट पर जरूर चेक करनी चाहिए। |
| सर्टिफिकेट कोर्स | 12वीं साइंस पास होना चाहिए। | इसके लिए हर संस्थान अलग मानदंड रख सकते हैं, जिसके लिए आप आवेदन करने से पहले इनकी जाँच कर सकते हैं। |
| मास्टर्स ऑफ ऑप्टोमेट्री (एम.ऑप्टोम.) | B.Optom. / B.Sc. Optometry को पास करना अनिवार्य | इसके लिए आपके 50% से ऊपर अंक होने चाहिए और इसके लिए कुछ कॉलेज इंटरव्यू/एंट्रेंस भी लेते हैं। |
ऑप्टोमेट्री कोर्स के लिए प्रमुख प्रवेश परीक्षाएं
ऑप्टोमेट्री कोर्स में एडमिशन के लिए भारत की प्रमुख प्रवेश परीक्षाओं की सूची इस प्रकार है:
| परीक्षा का नाम | संचालित संस्था | परीक्षा स्तर | 2026 में परीक्षा की संभावित तिथि |
| NEET-UG | नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) | राष्ट्रीय स्तर | 03 मई 2026 (नीट UG मुख्य परीक्षा) |
| CUET UG | नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (NTA) | राष्ट्रीय स्तर | मई – जून 2026 (UG सत्र) – टेंटेटिव |
| AIIMS पैरामेडिकल | ऑल इंडिया इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंसेज (AIIMS) | राष्ट्रीय स्तर | 30 मई 2026 आधिकारिक घोषित (एप्लीकेशन अप्रैल 2026) |
| स्टेट/यूनिवर्सिटी लेवल CETs (जैसे WBJEE, MAKAUT CET, IUET आदि) | स्टेट / यूनिवर्सिटी ऑथोरिटीज | राज्य/यूनिवर्सिटी स्तर | अप्रैल – मई 2026 (टेंटेटिव) |
ऑप्टोमेट्री कोर्स के प्रकार और अवधि
यह कोर्स विभिन्न प्रकार के हैं। ऑप्टोमेट्री में दाखिला लेने से पहले कोर्स के प्रकार और अवधि जानना ज़रूरी है, जो इस प्रकार हैं:
| कोर्स का नाम | अवधि | फीस | योग्यता |
| बैचलर ऑफ ऑप्टोमेट्री | लगभग 3–4 साल तक। | 10,000 से 1.5 लाख रूपए प्रति वर्ष | 12वीं पास, विज्ञान स्ट्रीम (फिजिक्स, केमिस्ट्री, बायोलोजी/मैथ्स) |
| मास्टर्स ऑफ ऑप्टोमेट्री | लगभग 2 साल तक। | 1 लाख लेकर 2 लाख रूपए प्रति वर्ष । | बैचलर ऑफ ऑप्टोमेट्री |
| डिप्लोमा कोर्स | लगभग 1–2 साल तक। | 1 लाख प्रति वर्ष। | 12वीं पास, विज्ञान स्ट्रीम (फिजिक्स, केमिस्ट्री, बायोलोजी/मैथ्स) |
| सर्टिफिकेट कोर्स | लगभग 6 महीनें – 1 सालतक। | 10,000 से 50,000 प्रति वर्ष | 12वीं पास किसी भी स्ट्रीम से |
| पीएचडी | लगभग 3–5 साल तक। | 1 लाख से लेकर 5 लाख प्रति वर्ष | मास्टर्स डिग्री इन ऑप्टोमेट्री या संबंधित क्षेत्र; कुछ संस्थान NET/Entrance परीक्षा भी मांगते हैं। |
ध्यान दें: अलग-अलग कॉलेज और यूनिवर्सिटी में ऑप्टोमेट्री कोर्स की फीस और अवधि बदल सकती है।
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ऑप्टोमेट्री कोर्स के लिए सिलेबस
यह एक सामान्य/टिपिकल सिलेबस है, अलग-अलग विश्वविद्यालयों में विषयों और सेमेस्टर क्रम में अंतर हो सकता है। नीचे हमने अलग-अलग स्तरों के कोर्स – स्नातक (UG), स्नातकोत्तर (PG) और सर्टिफिकेट (Certificate) के लिए विस्तार से बताया है।
यूजी ऑप्टोमेट्री सिलेबस
| सेमेस्टर | विषय / मॉड्यूल |
| सेमेस्टर 1 | मानव जीवविज्ञान, भौतिक प्रकाशिकी और व्यावहारिक ज्यामितीय प्रकाशिकी, बुनियादी जैव रसायन, नेत्र शरीर रचना विज्ञान और शरीर क्रिया विज्ञान |
| सेमेस्टर 2 | डिस्पेंसिंग ऑप्टिक्स I, बुनियादी नेत्र औषध विज्ञान, विकृति विज्ञान और सूक्ष्म जीव विज्ञान, नेत्र प्रकाशिकी, कंप्यूटर की बुनियादी बातें |
| सेमेस्टर 3 | दृश्य प्रकाशिकी, डिस्पेंसिंग ऑप्टिक्स II, नेत्र संबंधी उपकरण, नेत्र रोग |
| सेमेस्टर 4 | प्रकाशिकी और अपवर्तन, ऑप्टोमेट्रिक ऑप्टिक्स (LVA), ऑप्टोमेट्री जांच, अस्पताल प्रक्रियाएँ और मनोविज्ञान |
| सेमेस्टर 5 | कॉन्टैक्ट लेंस I, द्विनेत्री दृष्टि, नेत्र गतिशीलता, प्रणालीगत रोग और प्रमुख नेत्र रोग |
| सेमेस्टर 6 | पोषण और नेत्र, सार्वजनिक स्वास्थ्य और समुदाय, कॉन्टैक्ट लेंस II, उन्नत ऑर्थोटिक्स |
पीजी ऑप्टोमेट्री सिलेबस
| सेमेस्टर | विषय / मॉड्यूल |
| सेमेस्टर 1 | उन्नत नेत्र शरीर रचना विज्ञान और शरीर क्रिया विज्ञान, क्लिनिकल ऑप्टोमेट्री I, दृश्य प्रकाशिकी, अनुसंधान क्रियाविधि |
| सेमेस्टर 2 | नेत्र रोग और चिकित्सा, कॉन्टैक्ट लेंस I, कम दृष्टि और पुनर्वास, नैदानिक प्रशिक्षण |
| सेमेस्टर 3 | दूरबीन दृष्टि और ऑर्थोप्टिक्स, कॉन्टैक्ट लेंस II, सामुदायिक ऑप्टोमेट्री, क्लिनिकल इंटर्नशिप |
| सेमेस्टर 4 | वैकल्पिक/विशेषज्ञता विषय, शोध प्रबंध/थीसिस कार्य, उन्नत नैदानिक इंटर्नशिप |
डिप्लोमा ऑप्टोमेट्री सिलेबस
| सेमेस्टर | विषय / मॉड्यूल |
| सेमेस्टर 1 | मानव शरीर रचना विज्ञान और शरीर क्रिया विज्ञान, मूल भौतिकी और प्रकाशिकी, अंग्रेजी/संचार कौशल |
| सेमेस्टर 2 | नेत्र शरीर रचना विज्ञान, ऑप्टोमेट्रिक उपकरण, मूल अपवर्तन |
| सेमेस्टर 3 | दृश्य प्रकाशिकी, नेत्र रोग, फार्माकोलॉजी की मूल बातें |
| सेमेस्टर 4 | क्लिनिकल ऑप्टोमेट्री, अस्पताल की प्रक्रियाएँ, सामुदायिक ऑप्टोमेट्री |
| सेमेस्टर 5 | इंटर्नशिप/क्लिनिकल प्रैक्टिस (यदि 3-वर्षीय कार्यक्रम) |
| सेमेस्टर 6 | अंतिम मूल्यांकन, परियोजना (यदि लागू हो) |
सर्टिफिकेट ऑप्टोमेट्री सिलेबस
| मॉड्यूल | विषय / विवरण |
| मॉड्यूल 1 | नेत्र शरीर रचना विज्ञान और दृष्टि विज्ञान का परिचय |
| मॉड्यूल 2 | अपवर्तन और दृश्य परीक्षण की मूल बातें |
| मॉड्यूल 3 | कॉन्टैक्ट लेंस की मूल बातें / चश्मा वितरण (फोकस के आधार पर) |
| मॉड्यूल 4 | रोगी संपर्क और ऑप्टिकल उपकरण |
पीएचडी ऑप्टोमेट्री सिलेबस
| चरण | विषय / विवरण |
| पाठ्यक्रम चरण | अनुसंधान पद्धति, जैव सांख्यिकी, साहित्य समीक्षा, अनुसंधान में नैतिकता |
| अनुसंधान चरण | विषय का अंतिम रूप देना, प्रस्ताव प्रस्तुत करना, डेटा संग्रह |
| लेखन चरण | डेटा विश्लेषण, थीसिस लेखन, प्रकाशन |
| अंतिम चरण | थीसिस प्रस्तुति, मौखिक परीक्षा |
ऑप्टोमेट्री कोर्स के लिए प्रमुख कॉलेज
यदि आप ऑप्टोमेट्री कोर्स करना चाहते हैं, तो भारत में कई मेडिकल और पैरामेडिकल संस्थान हैं जो क्षेत्र में आपको बेहतरीन शिक्षा प्रदान करते हैं। नीचे कुछ प्रमुख कॉलेजों की सूची दी गई है, जहाँ से आप अपनी योग्यता और बजट के अनुसार चयन कर सकते हैं।
सरकारी संस्थान
| कॉलेज का नाम | स्थान | प्रवेश का आधार | अनुमानित वार्षिक फीस |
| AIIMS (नई दिल्ली) | दिल्ली | AIIMS बीएससी एंट्रेंस | INR 1,000 – INR 2,000 |
| PGIMER | चंडीगढ़ | PGI एंट्रेंस एग्जाम | INR 5,000 – INR 8,000 |
| JIPMER | पुदुचेरी | NEET / JIPMER एग्जाम | INR 6,000 – INR 12,000 |
| BHU (IMS) | वाराणसी | CUET (UG) | INR 10,000 – INR 15,000 |
| गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज | कोझिकोड | KEAM / मेरिट | INR 15,000 – INR 20,000 |
प्राइवेट संस्थान
| कॉलेज का नाम | स्थान | प्रवेश का आधार | अनुमानित वार्षिक फीस |
| एलीट स्कूल ऑफ़ ऑप्टोमेट्री | चेन्नई | ESO एंट्रेंस टेस्ट | INR 1,50,000 – INR 2,50,000 |
| L.V. प्रसाद आई इंस्टीट्यूट | हैदराबाद | GAT / पर्सनल इंटरव्यू | INR 2,00,000 – INR 3,00,000 |
| मणिपाल अकेडमी (MAHE) | मणिपाल | MET (मणिपाल एंट्रेंस टेस्ट) | INR 1,80,000 – INR 2,20,000 |
| एमिटी यूनिवर्सिटी | नोएडा | Merit / इंटरव्यू | INR 1,40,000 – INR 1,80,000 |
| जामिया हमदर्द | नई दिल्ली | NEET / मेरिट | INR 1,20,000 – INR 1,50,000 |
ऑप्टोमेट्री कोर्स के लिए आवेदन प्रक्रिया
ऑप्टोमेट्री कोर्स में प्रवेश पाने के लिए छात्रों को कुछ स्टेप्स फॉलो करने होते हैं:
- कोर्स में अप्लाई करने के लिए सबसे पहले अपनी चुने हुए विश्वविद्यालय की ऑफिशियल वेबसाइट पर जाकर रजिस्ट्रेशन करें।
- विश्वविद्यालय की ऑफिशियल वेबसाइट में रजिस्ट्रेशन के बाद आपको एक यूजर नेम और पासवर्ड प्राप्त होगा।
- फिर वेबसाइट में साइन इन करने के बाद ‘ऑप्टोमेट्री कोर्स’ का चयन करें।
- अब शैक्षिक योग्यता, कैटेगिरी और पर्सनल डिटेल्स आदि के साथ एप्लीकेशन फॉर्म भरें।
- इसके बाद एप्लीकेशन फॉर्म सबमिट करें और निर्धारित एप्लीकेशन फीस की पेमेंट करें।
- यदि एडमिशन, एंट्रेंस एग्जाम पर आधारित है तो पहले एंट्रेंस एग्जाम के लिए रजिस्ट्रेशन करें और फिर रिजल्ट के बाद काउंसलिंग की प्रतीक्षा करें। एंट्रेंस एग्जाम के मार्क्स के आधार पर आपका सिलेक्शन किया जाएगा और फाइनल लिस्ट जारी की जाएगी।
- इसके बाद चयनित छात्रों को फीस जमा करनी होती है और प्रवेश प्रक्रिया पूरी करनी होती है।
ऑप्टोमेट्री कोर्स में एडमिशन के लिए जरूरी दस्तावेज
यहां उन प्रमुख दस्तावेजों की सूची दी गई है, जो एडमिशन के समय आमतौर पर वेरिफिकेशन के लिए कॉलेज/संस्थान द्वारा मांगे जाते हैं। अलग-अलग विश्वविद्यालयों के अनुसार इसमें थोड़ा बदलाव हो सकता है:
- 10वीं और 12वीं की मार्कशीट तथा पासिंग सर्टिफिकेट
- ऑप्टोमेट्री कोर्स ग्रेजुएशन या समकक्ष डिग्री और मार्कशीट
- फोटो आईडी प्रूफ (जैसे आधार कार्ड/पैन कार्ड)
- पासपोर्ट साइज फोटोग्राफ्स
- जाति प्रमाण पत्र (यदि लागू हो)
- निवास/डोमिसाइल प्रमाण पत्र (जहाँ आवश्यक हो)
- माइग्रेशन सर्टिफिकेट (दूसरे बोर्ड/विश्वविद्यालय से आने पर)
- ट्रांसफर सर्टिफिकेट (TC) – कई कॉलेजों में अनिवार्य होता है
- अन्य शैक्षिक प्रमाण पत्र (यदि कोई अतिरिक्त योग्यता हो)
यह भी पढ़ें: एयर होस्टेस कोर्स लिस्ट: योग्यता, अवधि और करियर स्कोप
ऑप्टोमेट्री कोर्स करने के बाद करियर स्कोप
ऑप्टोमेट्री कोर्स पूरा करने के बाद छात्रों के पास हेल्थ और विज़न के क्षेत्र में कई करियर विकल्प खुलते हैं। इस क्षेत्र में काम करने के मौके अस्पतालों, क्लीनिकों, ऑप्टिकल स्टोर्स, रिसर्च संस्थानों और प्रशिक्षण संस्थानों में मिलते हैं। आपको बता दें कि नीचे दी गई सैलरी अनुमानित हैं और यह अनुभव, शहर और संस्थान के अनुसार बदल सकती हैं:
| जॉब प्रोफाइल | कार्यक्षेत्र | औसत सैलरी (प्रति माह) |
| ऑप्टोमेट्रिस्ट | अस्पताल, क्लीनिक | INR 15,000 – INR 30,000 |
| विज़न टेक्नीशियन | ऑप्टिकल स्टोर्स, क्लीनिक | INR 12,000 – INR 25,000 |
| रिसर्च असिस्टेंट | रिसर्च संस्थान, विश्वविद्यालय | INR 20,000 – INR 35,000 |
| ऑप्टिकल मैनेजर | ऑप्टिकल स्टोर्स | INR 25,000 – INR 45,000 |
| शिक्षक / ट्रेनर | कॉलेज, प्रशिक्षण संस्थान | INR 20,000 – INR 40,000 |
FAQs
हाँ, अमेरिका, यूके, ऑस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड और कनाडा जैसे देशों में UG और PG स्तर पर ऑप्टोमेट्री कोर्स उपलब्ध हैं।
ऑप्टोमेट्री कोर्स में एडमिशन के लिए 12वीं कक्षा (Physics, Chemistry और Biology/Maths) में कम से कम 50% अंक आवश्यक होते हैं। कुछ कॉलेज अपने एंट्रेंस टेस्ट भी करवाते हैं।
नहीं। B.Optom के लिए NEET की आवश्यकता नहीं होती। अधिकांश कॉलेज मेरिट या अपने प्रवेश परीक्षा के आधार पर एडमिशन देते हैं।
ऑप्टोमेट्री करने वाले व्यक्ति आंखों की जांच और चश्मे का नंबर तय करने में विशेषज्ञ होते हैं। वे नेत्र शल्य चिकित्सा नहीं करते। उन्हें आंखों के डॉक्टर यानी नेत्र रोग विशेषज्ञ से अलग माना जाता है।
ऑप्टोमेट्री विशेषज्ञ आंखों की जांच और दृष्टि सुधार में काम करते हैं। नेत्र रोग विशेषज्ञ मेडिकल ग्रेजुएशन और स्पेशिलिटी ट्रेनिंग प्राप्त डॉक्टर होते हैं, जो सर्जरी और गंभीर रोगों का इलाज करते हैं।
कुछ विश्वविद्यालय अपनी प्रवेश परीक्षा लेते हैं, जबकि कई कॉलेज 12वीं के अंकों के आधार पर प्रवेश देते हैं। प्रवेश प्रक्रिया हर संस्थान में अलग हो सकती है, इसलिए आवेदन से पहले नियम देखना जरूरी है।
हमें आशा है कि आप इस लेख के माध्यम से ऑप्टोमेट्री कोर्स की जानकारी प्राप्त कर पाए होंगे। अन्य कोर्स से संबंधित लेख पढ़ने के लिए Leverage Edu के साथ बने रहें।

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