BRIT कोर्स डिटेल्स: सिलेबस, एडमिशन प्रोसेस, फीस और करियर स्कोप 

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बैचलर ऑफ रेडियोलॉजी एंड इमेजिंग टेक्नोलॉजी (BRIT) एक अंडरग्रेजुएट प्रोग्राम है, जो आपको डायग्नोस्टिक इमेजिंग तकनीकों जैसे एक्स-रे, सीटी स्केन, MRI, अल्ट्रासाउंड और अन्य रेडियोग्राफिक प्रोसीजर में ट्रेन करता है। इस कोर्स में जनरल एनाटॉमी, फिजियोलॉजी, रेडिएशन फिजिक्स, पैथोलॉजी, इमेज प्रोसेसिंग, रेडियो डायग्नोसिस और मेडिकल माइक्रोबायोलॉजी जैसे विषय शामिल हैं। 

यह कोर्स मेडिकल नॉलेज को टेक्नोलॉजिकल एक्सपर्टीज के साथ जोड़ता है, जिससे आप हॉस्पिटल, सुपर स्पेशियलिटी अस्पतालों और डायग्नोस्टिक सेंटर में रेडियोग्राफर या हेल्थकेयर प्रोफेशनल के साथ काम करने के लिए तैयार होते हैं। यह प्रोग्राम टीमवर्क, डेटा एनालिसिस और प्रैक्टिकल डिसीजन लेने की क्षमता विकसित करता है और रोजगार तथा स्वरोजगार दोनों अवसर प्रदान करता है। यह कोर्स हेल्थकेयर सेक्टर में आवश्यक एवं हमेशा डिमांड में रहने वाला प्रोग्राम है।

विवरण जानकारी 
कोर्स का नाम बैचलर ऑफ रेडियोलॉजी एंड इमेजिंग टेक्नोलॉजी (BRIT)
कोर्स लेवल ग्रेजुएशन 
कोर्स ड्यूरेशन सामान्यतः 3 वर्ष + 1 वर्ष इंटर्नशिप (संस्थान के अनुसार कोर्स ड्यूरेशन में परिवर्तन संभव है।)
परीक्षा का प्रकार सेमेस्टर वाइज 
कोर्स का मीडियम अंग्रेजी 
एलिजिबिलिटी क्राइटेरिया मान्यता प्राप्त बोर्ड से 12वीं कक्षा (PCB) विषयों के साथ 
आयु सीमा न्यूनतम 17 वर्ष 
एडमिशन प्रोसेस मेरिट बेस्ड, एंट्रेंस परीक्षा व पर्सनल इंटरव्यू 
प्रमुख जॉब प्रोफाइल रेडियोलॉजी टेक्नोलॉजिस्ट, MRI टेक्नोलॉजिस्ट, सीटी टेक्नोलॉजिस्ट, मेडिकल इमेजिंग मैनेजर, हेल्थकेयर एडमिनिस्ट्रेटर आदि। 
रोजगार के क्षेत्र अस्पताल, डायग्नोस्टिक और इमेजिंग सेंटर, क्लीनिक और हेल्थकेयर सेंटर, नर्सिंग होम एवं चिकित्सा प्रयोगशालाएं, अनुसंधान संस्थान, फोर्टिस हॉस्पिटल व मैक्स हेल्थकेयर आदि। 

BRIT कोर्स क्यों करें?

नीचे दिए गए बिंदुओं में बीआरआईटी कोर्स करने के प्रमुख कारण बताए गए हैं:

  • तकनीकी व मेडिकल नॉलेज: इस कोर्स में मानव शरीर की संरचना यानी एनाटॉमी, रेडिएशन फिजिक्स और आधुनिक इमेजिंग तकनीकों का अध्ययन कराया जाता है। इससे आप तकनीकी और मेडिकल दोनों पहलुओं को समझ पाते हैं।
  • स्किल बेस्ड ट्रेनिंग: BRIT में केवल थियोरेटिकल पढ़ाई ही नहीं बल्कि प्रैक्टिकल और क्लिनिकल ट्रेनिंग भी दी जाती है। इससे आप अस्पताल, डायग्नोस्टिक और इमेजिंग सेंटर में काम करने के लिए तैयार होते हैं।
  • हाई डिमांड वाला सेक्टर: आज के समय में बीमारी की सही पहचान के लिए एक्स-रे, सीटी स्केन, MRI और अल्ट्रासाउंड जैसे टेस्ट अनिवार्य हो गए हैं। इसलिए हर अस्पताल और डायग्नोस्टिक सेंटर में इमेजिंग एक्सपर्ट्स की जरूरत हमेशा रहती है। 
  • क्विक जॉब अपॉर्चुनिटीज: BRIT कोर्स पूरा करने के बाद आपको सरकारी व प्राइवेट अस्पतालों, डायग्नोस्टिक सेंटरों और सुपर-स्पेशियलिटी संस्थानों में जल्दी नौकरी के अवसर मिल सकते हैं।
  • करियर डाइवर्सिटी: आप X-ray, CT, MRI, सोनोग्राफी और रेडियोथेरेपी जैसे अलग-अलग क्षेत्रों में एक्सपर्टीज हासिल कर सकते हैं। इससे आप अपने मनचाहे सेक्टर में कार्य कर सकते हैं। 
  • विदेश में अवसर: मेडिकल इमेजिंग तकनीक विश्वभर में मान्यता प्राप्त क्षेत्र है। आवश्यक लाइसेंस और योग्यता के साथ आप विदेश में भी करियर बना सकते हैं।
  • स्व-रोजगार की संभावना: एक्सपीरियंस और आवश्यक लाइसेंस प्राप्त करने के बाद आप स्वयं का डायग्नोस्टिक या इमेजिंग सेंटर भी खोल सकते हैं। 

BRIT कोर्स स्ट्रक्चर और मोड

बैचलर ऑफ रेडियोलॉजी एंड इमेजिंग टेक्नोलॉजी (BRIT) सामान्यतः 3 से 4 वर्ष का फुल-टाइम अंडरग्रेजुएट प्रोग्राम है, जिसे प्रायः 6 सेमेस्टर में पढ़ाया जाता है। वहीं कोर्स के अंतिम वर्ष में अनिवार्य इंटर्नशिप भी शामिल होती है। इस कोर्स में थ्योरी, प्रैक्टिकल, क्लीनिकल ट्रेनिंग व इंटर्नशिप शामिल होती है।

वहीं प्रत्येक सेमेस्टर में लैब व प्रैक्टिकल सेशन के साथ थियोरेटिकल क्लास होती हैं और फाइनल सेमेस्टर में संस्थान क्लिनिकल पोस्टिंग व इंटर्नशिप का आयोजन कराते हैं। ताकि आप अस्पताल, डायग्नोस्टिक और इमेजिंग सेंटर में वर्क एक्सपीरियंस प्राप्त कर सकें। 

BRIT कोर्स की योग्यता

बीआरआईटी कोर्स में एडमिशन के लिए सामान्य पात्रता मानदंड इस प्रकार है:

  • शैक्षणिक योग्यता: आपने मान्यता प्राप्त बोर्ड से सीनियर सेकेंडरी (10+2) फिजिक्स, केमिस्ट्री और बायोलॉजी (PCB) विषयों के साथ न्यूनतम 50% अंकों सहित उत्तीर्ण की हो। हालांकि कुछ संस्थानों में यह अंक अधिक हो सकते हैं या आरक्षित वर्ग को न्यूनतम अंकों में छूट मिल सकती है।
  • आयु सीमा: प्रवेश वर्ष की 31 दिसंबर तक आपकी आयु न्यूनतम 17 वर्ष होनी चाहिए।
  • मेडिकल फिटनेस: आपका चिकित्सकीय रूप से स्वस्थ होना अनिवार्य है।
  • प्रवेश प्रक्रिया: भारत के अधिकांश संस्थानों में BRIT कोर्स के लिए एडमिशन मेरिट बेस्ड व पर्सनल इंटरव्यू के आधार पर काउंसलिंग के जरिए फ़ाइनल सिलेक्शन होता है। हालांकि कुछ संस्थान एंट्रेंस परीक्षा भी आयोजित कर सकते हैं। इसलिए चयनित संस्थान में अप्लाई करने से पहले आपको उसकी ऑफिशियल वेबसाइट से एडमिशन क्राइटेरिया की जानकारी प्राप्त कर लेनी चाहिए।  

यह भी पढ़ें: DPT कोर्स क्या है?

BRIT कोर्स का एडमिशन प्रोसेस 

बीआरआईटी कोर्स की पात्रता पूरी करने के बाद एडमिशन प्रक्रिया कुछ तय चरणों में होती है। सामान्यतः प्रक्रिया इस प्रकार होती है:

  • ऑनलाइन एप्लीकेशन फॉर्म भरें: सबसे पहले संबंधित संस्थान के एडमिशन पोर्टल या संस्थान की वेबसाइट पर जाकर एप्लीकेशन फॉर्म भरना होता है। इसमें अपनी व्यक्तिगत, शैक्षणिक और संपर्क संबंधी जानकारी फिल करनी होती है।
  • दस्तावेज अपलोड करें: एप्लीकेशन फॉर्म के बाद 10वीं और 12वीं की मार्कशीट, आधार कार्ड या अन्य पहचान पत्र, पासपोर्ट साइज फोटो और डिजिटल सिग्नेचर जैसे दस्तावेज अपलोड करने होते हैं।
  • मेरिट लिस्ट: इसके बाद संबंधित संस्थान या विश्वविद्यालय के नियम अनुसार 12वीं के अंकों के आधार पर मेरिट लिस्ट तैयार की जाती है।
  • सीट अलॉटमेंट: मेरिट में नाम आने के बाद काउंसलिंग प्रक्रिया होती है। फिर फाइनल सिलेक्शन के बाद आपको सीट अलॉट कर दी जाती है।
  • एडमिशन कंफर्मेशन: सीट अलॉटमेंट के बाद निर्धारित समय सीमा के भीतर एडमिशन फीस सबमिट करनी होती है। फीस सबमिट करते ही आपका एडमिशन कंफर्म हो जाता है।

BRIT कोर्स में एडमिशन के लिए जरूरी दस्तावेज

यहां उन प्रमुख दस्तावेजों की सूची दी गई है, जो एडमिशन के समय आमतौर पर वेरिफिकेशन के लिए कॉलेज व संस्थान द्वारा मांगे जाते हैं। ध्यान रखें कि अलग-अलग संस्थानों के अनुसार इसमें थोड़ा बदलाव हो सकता है:

  • 10वीं और 12वीं की मार्कशीट तथा पासिंग सर्टिफिकेट
  • फोटो आईडी प्रूफ (जैसे आधार कार्ड/पैन कार्ड)
  • पासपोर्ट साइज फोटोग्राफ्स
  • जाति प्रमाण पत्र (यदि लागू हो)
  • निवास/डोमिसाइल प्रमाण पत्र (जहां आवश्यक हो)
  • अन्य शैक्षिक प्रमाण पत्र (यदि कोई अतिरिक्त योग्यता हो)

भारत में BRIT कोर्स के लिए प्रमुख संस्थान और अनुमानित फीस

भारत में मान्यता प्राप्त सरकारी और प्राइवेट कॉलेजों में बीआरआईटी कोर्स उपलब्ध है। इसकी फीस संस्थान के प्रकार, राज्य, सीट श्रेणी और प्रवेश प्रक्रिया के अनुसार थोड़ी अलग हो सकती है। सामान्यतः सरकारी कॉलेजों में फीस अपेक्षाकृत कम होती है, जबकि प्राइवेट संस्थानों में यह अधिक रहती है। नीचे दी गई तालिका में कुछ प्रमुख कॉलेजों के आधार पर BRIT कोर्स की अनुमानित फीस केवल एक सामान्य जानकारी के रूप में दी गई है:

कॉलेज और संस्थान अनुमानित कुल ट्यूशन फीस (INR)
श्री वेंकटेश्वर विश्वविद्यालय (SVU), गजरौला63,000 (कुल फीस)
बरेली अंतर्राष्ट्रीय विश्वविद्यालय, बरेली 60,000 (प्रति सेमेस्टर)
इंटीग्रेटेड इंस्टिट्यूट ऑफ़ मेडिकल एंड हेल्थ साइंसेज, नई दिल्ली 1.37 लाख – 1.44 लाख (कुल फीस)
तीर्थंकर महावीर विश्वविद्यालय (TMU), मुरादाबाद45,900 (प्रति सेमेस्टर)
अटल बिहारी वाजपेयी मेडिकल यूनिवर्सिटी (ABVMU), लखनऊ2.9 लाख (कुल फीस)
शारदा विश्वविद्यालय22,5000 (प्रति वर्ष)
श्री गुरु गोबिंद सिंह त्रिशताब्दी विश्वविद्यालय2,00,000 (प्रति वर्ष)
गलगोटिया विश्वविद्यालय, ग्रेटर नोएडा1,40,000 (प्रति वर्ष)

BRIT कोर्स का सिलेबस

भारत के अलग-अलग संस्थानों और कॉलेजों में बीआरआईटी कोर्स का सिलेबस कुछ हद तक भिन्न हो सकता है, क्योंकि प्रत्येक संस्थान अपना करिकुलम और पेपर स्ट्रक्चर स्वयं निर्धारित करता है। इसलिए आपको एडमिशन से पहले संबंधित कॉलेज/संस्थान की आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध नवीनतम सिलेबस जरूर चेक कर लेना चाहिए। 

नीचे दिया गया सिलेबस शारदा विश्वविद्यालय, ग्रेटर नोएडा की आधिकारिक वेबसाइट के आधार पर एक सामान्य रेफरेंस के रूप में दिया गया है, ताकि आपको पढ़ाए जाने वाले प्रमुख विषयों का स्पष्ट अंदाजा हो सके:

सेमेस्टर 1
ह्यूमन एनाटॉमी – Iह्यूमन फिजियोलॉजी – I
बेसिक्स एंड रेडिएशन फिजिक्स – Iकम्युनिकेटिव इंग्लिश – I
पैथोलॉजी-1
प्रैक्टिकल/ वाइवा 
ह्यूमन एनाटॉमी – I (लैब)ह्यूमन फिजियोलॉजी – I (लैब)
बेसिक एंड रेडिएशन फिजिक्स – I (लैब)पैथोलॉजी-1 (लैब)
सेमेस्टर 2 
ह्यूमन एनाटॉमी – IIह्यूमन फिजियोलॉजी – II
बेसिक्स एंड रेडिएशन फिजिक्स – IIकम्युनिकेटिव इंग्लिश – II
पैथोलॉजी – IIAI बेसिक्स
रिसर्च बेस्ड
प्रैक्टिकल/ वाइवा 
ह्यूमन एनाटॉमी -II (लैब)ह्यूमन फिजियोलॉजी -II (लैब)
बेसिक & रेडिएशन फिजिक्स -II (लैब)पैथोलॉजी-II (लैब)
वैल्यू ऐडेड कोर्स
सेमेस्टर 3
डार्क रूम टेक्नीक्स- Iपेशेंट केयर एंड मेडिकल एथिक्स ऑफ रेडियोलॉजी –I
इंस्ट्रुमेंटेशन फॉर रेडियोग्राफी एंड इमेजिंग मशीन्स- Iरेडियोग्राफिक इंट्रोडक्शंस ऑफ एक्स्ट्रीमिटीज -I
बायोकेमिस्ट्रीरिसर्च बेस्ड लर्निंग
एआई प्रिंसिपल्स (एडवांस एआई टेक्नीक्स इन पेशेंट केयर)
प्रैक्टिकल/ वाइवा 
डार्क रूम टेक्नीक्स- I (लैब)क्लिनिकल पोस्टिंग्स- I (लैब)
वैल्यू ऐडेड कोर्स
सेमेस्टर 4
डार्क रूम टेक्नीक्स– IIपेशेंट केयर & मेडिकल एथिक्स ऑफ रेडियोलॉजी –II
इंस्ट्रुमेंटेशन फॉर रेडियोग्राफी & इमेजिंग मशीन्स– IIरेडियोग्राफिक इंट्रोडक्शंस ऑफ एक्स्ट्रीमिटीज़ –II
एआई एप्लिकेशंस (इनॉवेटिव एआई सॉल्यूशंस फॉर हेल्थकेयर चैलेंजेस)
प्रैक्टिकल/ वाइवा 
डार्क रूम टेक्नीक्स– II (लैब)रिसर्च मेथोडोलॉजी
क्लिनिकल पोस्टिंग्स- II (लैब)रिसर्च बेस्ड लर्निंग
इंस्ट्रुमेंटेशन फॉर रेडियोग्राफी & इमेजिंग मशीन्स– II (लैब)कम्युनिटी कनेक्ट
वैल्यू ऐडेड कोर्स
सेमेस्टर 5
रेडियोग्राफिक टेक्नीक्स एंड पैरामीटर्स -Iस्पेशल रेडियोग्राफिक टेक्नीक्स & प्रोसिजर्स -I
एडवांसमेंट्स इन इमेजिंग टेक्नोलॉजीज -Iरेडिएशन प्रोटेक्शन एंड प्लानिंग ऑफ रेडियोलॉजी डिपार्टमेंट -I
रिसर्च बेस्ड लर्निंग / AI इम्प्लीमेंटेशन प्रोजेक्ट
प्रैक्टिकल/ वाइवा 
क्लिनिकल पोस्टिंग्स- I (लैब)वैल्यू ऐडेड कोर्स
रेडियोग्राफिक टेक्नीक्स & पैरामीटर्स -I (लैब)
सेमेस्टर 6
रेडियोग्राफिक टेक्नीक्स & पैरामीटर्स –IIस्पेशल रेडियोग्राफिक टेक्नीक्स & प्रोसिज़र्स –II
एडवांसमेंट्स इन इमेजिंग टेक्नोलॉजीज़ –IIरेडिएशन प्रोटेक्शन & प्लानिंग ऑफ रेडियोलॉजी डिपार्टमेंट –II
प्रैक्टिकल/ वाइवा 
क्लिनिकल पोस्टिंग्स- II (लैब)रेडियोग्राफिक टेक्नीक्स & पैरामीटर्स -II (लैब)
स्पेशल रेडियोग्राफिक टेक्नीक्स & प्रोसिजर्स -II (लैब)
इंटर्नशिप

यह भी पढ़ें: ऑप्टोमेट्री कोर्स की पूरी जानकारी

BRIT कोर्स करने के बाद रोजगार के क्षेत्र 

आप बीआरआईटी कोर्स पूरा करने के बाद इन प्रमुख क्षेत्रों में अपना करियर बना सकते हैं:

  • सरकारी और प्राइवेट अस्पताल
  • डायग्नोस्टिक और इमेजिंग सेंटर
  • कैंसर एंड ट्रॉमा केयर सेंटर
  • मोबाइल इमेजिंग यूनिट्स
  • रिसर्च और शैक्षणिक संस्थान
  • हेल्थकेयर IT और मेडिकल सॉफ्टवेयर सेक्टर
  • मेडिकल डिवाइस कंपनियां

BRIT करने के बाद जॉब प्रोफाइल और सैलरी

बीआरआईटी कोर्स के बाद सैलरी आपके एक्सपीरियंस, जॉब सेक्टर, कंपनी और शहर के अनुसार भिन्न हो सकती है। यहां कुछ प्रमुख जॉब प्रोफाइल के साथ सैलरी रेंज AmbitionBox पर उपलब्ध जानकारी के अनुसार नीचे दी गई है:

जॉब प्रोफाइलअनुमानित वार्षिक सैलरी (INR)
X RAY टेक्नीशियन 1.9 लाख – 2.5 लाख 
रेडियोलॉजिक टेक्नोलॉजिस्ट3.1 लाख – 3.7 लाख
MRI टेक्नोलॉजिस्ट4 लाख – 4.4 लाख
CT टेक्नोलॉजिस्ट3.2 लाख – 3.5 लाख
रेडिएशन थेरेपी टेक्नोलॉजिस्ट 4.5 लाख – 5 लाख
रेडियोलॉजी मैनेजर 10.2 लाख – 11.3 लाख
हेल्थकेयर एडमिनिस्ट्रेटर3.7 लाख – 4.1 लाख
रेडिएशन सेफ्टी ऑफिसर 6.5 लाख – 7.5 लाख
अल्ट्रासाउंड टेक्नीशियन3.1 लाख – 3.4 लाख
मेडिकल इमेजिंग टेक्नोलॉजिस्ट3.1 लाख – 3.4 लाख

BRIT करने के बाद हायर स्टडी के विकल्प 

आप बीआरआईटी कोर्स करने के बाद अपनी रूचि और करियर फील्ड के अनुसार इन विकल्पों को चुन सकते हैं:

कोर्सजानकारी 
एम.एससी. मेडिकल रेडियोलॉजी और इमेजिंग टेक्नोलॉजीयह एक 2 वर्ष का मान्यता प्राप्त PG डिग्री प्रोग्राम है। इसमें एडवांस्ड इमेजिंग तकनीक जैसे डिजिटल रेडियोग्राफी, MRI, CT scans, अल्ट्रासाउं और उच्च स्तरीय मेडिकल इमेजिंग शामिल हैं।
एमबीए इन हॉस्पिटल एडमिनिस्ट्रेशन एंड हेल्थकेयर मैनेजमेंटयदि आप रेडियोलॉजी के साथ मैनेजमेंट में भी रुचि रखते हैं तो यह कोर्स कर सकते हैं। इस कोर्स में एडमिशन के लिए आपको CAT, MAT, GMAT या कॉलेज स्तर की प्रवेश परीक्षा पास करना अनिवार्य होगा। 
पीजी डिप्लोमा इन रेडियोग्राफी और इमेजिंग टेक्नोलॉजीअगर आप PG डिग्री के बजाय स्पेशलाइजेशन सर्टिफिकेशन पाना चाहते हैं, तो आप PGDRIT डिप्लोमा कर सकते हैं

FAQs 

BRIT कोर्स क्या है? 

बैचलर ऑफ रेडियोलॉजी एंड इमेजिंग टेक्नोलॉजी (BRIT) एक 3 से 4 वर्ष का अंडरग्रेजुएट प्रोग्राम है, जिसमें एक्स-रे, सीटी स्कैन, MRI और अन्य मेडिकल इमेजिंग तकनीकों के संचालन एवं निदान सहायता का प्रशिक्षण दिया जाता है।

क्या 12वीं के बाद BRIT कोर्स कर सकते हैं?

आप मान्यता प्राप्त संस्थान से 12वीं कक्षा (PCB) विषयों के साथ पास करने के बाद BRIT कोर्स में एडमिशन ले सकते हैं। 

BRIT कोर्स के बाद क्या करें?

BRIT कोर्स के बाद आप अस्पतालों व डायग्नोस्टिक सेंटर में रेडियोग्राफर व MRI-CT टेक्नोलॉजिस्ट के रूप में कार्य कर सकते हैं। इसके अलावा आप एम.एससी. रेडियोलॉजी एंड इमेजिंग टेक्नोलॉजी जैसे मास्टर प्रोग्राम में एडमिशन लेकर हायर स्टडी भी कर सकते हैं।

BRIT कोर्स करने के फायदे क्या है?

BRIT कोर्स मेडिकल इमेजिंग तकनीकों (X-ray, CT, MRI आदि) में स्पेशलिस्ट ट्रेनिंग देकर अस्पतालों व डायग्नोस्टिक केंद्रों में रोजगार के अवसर प्रदान करता है।

क्या BRIT के बाद सरकारी नौकरी मिल सकती है?

BRIT के बाद आप सरकारी अस्पतालों, रेलवे, रक्षा सेवाओं और राज्य स्वास्थ्य विभागों में रेडियोग्राफर या इमेजिंग टेक्नोलॉजिस्ट के पदों पर आवेदन कर सकते हैं। हालांकि स्थायी नौकरी के लिए आपको संबधित परीक्षा और अन्य योग्यताओं को पूरा करना अनिवार्य होगा। 

क्या BRIT कोर्स मेडिकल फील्ड में सुरक्षित और डिमांडिंग करियर है?

BRIT हेल्थकेयर सेक्टर में बढ़ती डायग्नोस्टिक सेवाओं की मांग के कारण एक सुरक्षित और डिमांडिंग करियर माना जाता है।

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आशा है कि इस लेख में आपको BRIT कोर्स की सभी आवश्यक जानकारी मिल गई होगी। इसी तरह अन्य कोर्स गाइड्स Leverage Edu पर उपलब्ध हैं।

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