छायावाद की एक खास विशेषता है अंतर मन के भावों का बाहर की दुनिया से सामंजस्य बिठाना। कविता की किन-किन पंक्तियों को पढ़कर या धारणा पुष्ट होती है? लिखिए।

0 minute read
कविता की किन-किन पंक्तियों को पढ़कर या धारणा पुष्ट होती है
Answer
Verified

उत्तर: कविता में कवि अपने मन के दुख, पीड़ा, असफलता और संवेदनशीलता को सीधे शब्दों में कहने के बजाय प्रतीकों और प्राकृतिक बिंबों के माध्यम से सामने लाता है। कविता की निम्नलिखित पंक्तियों को पढ़कर यह धारणा पुष्ट होती है कि प्रस्तुत कविता में अन्तर्मन के भावों का बाहर की दुनिया से सामंजस्य बिठाया गया है :

आभा फागुन की तन

सट नहीं रही है।

और

कहीं साँस लेते हो,

घर घर भर देते हो,

उड़ने को नभ में तुम,

पर पर कर देते हो।

इसी तरह, कवि ने पहली जगह अंदर की उदासी और बाहर की ऋतु के बीच का अंतर दिखाया है। इसके अलावा दूसरी जगह प्रकृति की अदृश्य शक्ति को जीवनदायी और प्रेरणादायक रूप में प्रस्तुत किया है।

Leave a Reply

Required fields are marked *

*

*